झारखंड के सितारे खेलो इंडिया में चमकें!

झारखंड के युवा धावक शिव कुमार सोरेन ने खेलो इंडिया नेशनल ट्राइबल गेम्स में इतिहास रच दिया है। उन्होंने 100 मीटर फर्राटा दौड़ में शानदार प्रदर्शन करते हुए देश के सबसे तेज धावक बनने का खिताब जीत लिया।

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शिव कुमार सोरेन: झारखंड के नवोदित दौड़ किंग

शिव कुमार सोरेन ने 30 मार्च से 2 अप्रैल 2026 तक आयोजित नेशनल ट्राइबल एथलेटिक्स चैंपियनशिप में अपनी अद्वितीय दौड़ की क्षमता दिखाई। उनकी प्रदर्शनी ने उन्हें राष्ट्रीय स्तर पर पहचान दिलाई है और झारखंड को गर्व का पल दिया है। उनकी इस सफलता ने बोकारो जिले और पूरे झारखंड के लोगों को खुशी से भर दिया है।

शिव कुमार सोरेन का प्रशिक्षण और समर्थन

शिव कुमार सोरेन बोकारो जिले के चंदनक्यारी में प्रशिक्षण लेते हैं। उनके कोच आशु भाटिया ने बताया कि शिव न केवल झारखंड बल्कि अब देश के भी सबसे तेज धावक बन चुके हैं। उनके इस प्रदर्शन से उनके कोच और साथियों की खुशी का ठिकाना नहीं है। “शिव ने अपनी मेहनत और समर्पण के बल पर यह उपलब्धि हासिल की है। उन्होंने अपने कोच के साथ मिलकर कड़ी मेहनत की है और आज वह झारखंड के सबसे तेज धावक हैं।” आशु भाटिया ने कहा।

शिव कुमार सोरेन के प्रशिक्षण के बारे में जानकारी देते हुए, आशु भाटिया ने बताया कि शिव के पास अपने प्रशिक्षण के लिए एक विशेष योजना है। उन्होंने कहा कि शिव को अपने प्रशिक्षण के लिए हर दिन 10 से 12 घंटे का समय मिलता है और उन्हें अपनी दौड़ की क्षमता को बढ़ाने के लिए एक विशेष खेल कार्यक्रम का पालन करना होता है। आशु भाटिया ने कहा कि शिव का प्रशिक्षण उनके परिवार और दोस्तों के सहयोग से ही संभव हो पाया है।

शिव कुमार सोरेन की सफलता का महत्व

शिव कुमार सोरेन की इस सफलता से न सिर्फ बोकारो बल्कि पूरे झारखंड में खुशी की लहर है। उनकी यह उपलब्धि युवाओं के लिए एक नई प्रेरणा का स्रोत बन गई है। उनके प्रदर्शन ने झारखंड को देश के नक्शे पर एक नई छवि से परिचित कराया है। “शिव की यह उपलब्धि झारखंड के लिए गर्व का पल है। हमें उम्मीद है कि उनकी यह सफलता भावी पीढ़ियों के लिए एक अनुकरणीय मॉडल होगी।” बोकारो जिला एथलेटिक्स संघ के अध्यक्ष जय मंगल सिंह ने कहा।

झारखंड की प्रगति और देश में अपनी जगह बनाने के लिए शिव कुमार सोरेन की सफलता एक नए स्तर पर पहुंच गई है। उनकी यह उपलब्धि झारखंड के लोगों के लिए एक नई आशा और उम्मीद का स्रोत बन गई है। उनके प्रदर्शन ने देश में झारखंड की प्रगति के बारे में जागरूकता फैलाई है और झारखंड को एक नए मुकाम पर पहुंचने में मदद की है।

बधाई और शुभकामनाएं

शिव कुमार सोरेन की इस उपलब्धि पर बोकारो जिला एथलेटिक्स संघ के अध्यक्ष जय मंगल सिंह, उपायुक्त अजय झा, जिला खेल पदाधिकारी हेमलता बूंन, नोडल अधिकारी उमेश लोहरा सहित कई खेल अधिकारियों और प्रशिक्षकों ने उन्हें बधाई दी और उज्ज्वल भविष्य की कामना की। शिव कुमार सोरेन के पिता राम कुमार सोरेन ने कहा कि उनके बेटे की यह उपलब्धि उनके परिवार के लिए एक नई खुशी का स्रोत बन गई है। उन्होंने कहा कि शिव की सफलता का अर्थ है कि हमारा परिवार अपने परिश्रम और समर्पण का पालन कर रहा है।

शिव कुमार सोरेन की सफलता ने बोकारो जिले और पूरे झारखंड के लोगों को कोरोना काल के बाद अपनी पहली बड़ी उपलब्धि दी है। उनके प्रदर्शन ने झारखंड को देश के नक्शे पर एक नई छवि से परिचित कराया है और झारखंड को एक नए मुकाम पर पहुंचने में मदद की है।

शिव कुमार सोरेन की इस सफलता ने झारखंड को एक नए मुकाम पर पहुंचाया है और देश में अपनी जगह बनाई है। उनकी यह उपलब्धि युवाओं के लिए एक नई प्रेरणा का स्रोत बन गई है। उनके प्रदर्शन ने झारखंड को देश के नक्शे पर एक नई छवि से परिचित कराया है और झारखंड को एक नए मुकाम पर पहुंचने में मदद की है। शिव कुमार सोरेन की सफलता को झारखंड के लोगों के लिए एक नए स्तर पर पहुंचाने का समय है।

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